
Next chapter 2
'द डार्क नाइट' क्लब का वो आलीशान वीआईपी केबिन अब किसी श्मशान सा खामोश था। हवा में अभी भी शराब, महंगे परफ्यूम और पसीने की मिली-जुली गंध तैर रही थी, जो बीती रात की हैवानियत की गवाही दे रही थी। सुबह की पहली किरण जब भारी पर्दों के बीच से छनकर अंदर आई, तो वह फर्श पर बिखरे कांच के टुकड़ों और फटे हुए मखमली लिबास पर गिरकर दम तोड़ने लगी।


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